Select your Language: हिन्दी
India

व्हाट्सप्प की तर्ज पर भारत सरकार बनाएगी खुद का मैसेजिंग ऐप, चल रही है तैयारी

व्हाट्सप्प की तर्ज पर भारत सरकार बनाएगी खुद का मैसेजिंग ऐप, चल रही है तैयारी

नई दिल्ली। ऑफिशियल मैसेज की सुरक्षा बढ़ाने के लिए भारत सरकार वॉट्सऐप की तरह खुद का इंन्सेटैंट मैसेजिंग ऐप लाने की तैयारी कर रही है. इस प्लेटफॉर्म का नाम गवर्नमेंट इन्सटैंट मैसेजिंग सर्विस (GIMS) रखा जाएगा. इसके लिए मिनिस्ट्री ऑफ इलेक्ट्रॉनिक्स एंड इन्फॉर्मेशन टेक्नॉलजी के अंतर्गत टेस्टिंग की जा रही है. सूत्रों का कहना है कि केंद्र सरकार और सरकारी डिपार्टमेंट के अतिरिक्त अगर राज्य चाहें तो वो भी इसे यूज़ कर सकते हैं.

बता दें कि जिम्स यूनीफाइड मैसेजिंग प्लेटफॉर्म है जो कि नेशनल इन्फॉर्मेटिक्स सेंटर (NIC) द्वारा विकसित किया जा रहा है. एनआईसी सरकार के ईमेल सर्विस को भी सेट-अप करती है. अभी की स्थिति में एनआईसी 2 करोड़ से ज्यादा ईमेल को हैंडल करती है. एक सीनियर सरकारी अधिकारी ने बताया कि जिम्स को ओपन सोर्स सोल्यूशन द्वारा बनाया गया है. इसे हिंदी और अंग्रेजी के साथ-साथ 11 लोकल भाषाओं में बनाया जाएगा. इस ऐप को एंड्रॉयड और आईओएस प्लेटफॉर्म के लिए बनाया जाएगा. गृह मंत्रालय और विदेश मंत्रालय सहित इस काम में करीब 17 सरकारी विभाग काम कर रहे हैं. इस काम में ओडिशा और गुजरात जैसे राज्य भी हिस्सा ले रहे हैं.

एक ऐसे भूतपूर्व अधिकारी जिन्होंने इससे पहले साइबर सिक्योरिटी के थ्रेट को हैंडल किया है, उन्होंने कहा कि यह सर्विस काफी महत्त्वपूर्ण है क्योंकि वॉट्सऐप पर पेगासस जैसे स्पाईवेयर का खतरा है. उन्होंने कहा कि आज लगभग हर मंत्रालय का वॉट्सऐप, वीचैट इत्यादि पर ग्रुप है. इस ग्रुप पर अधिकारी अक्सर सेंसिटिव इश्यू पर बातचीत करते हैं. इस प्लेटफॉर्म पर हैकर्स की कभी भी नज़र पड़ सकती है. इसलिए देश का खुद का इन्सेटैंट मेसेजिंग ऐप डेवलेप किया जाना काफी जरूरी है.

Related Articles

Back to top button