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महाशिवरात्रि का पर्व आज, मंदिरों में उमड़ी भक्तों की भीड़

महाशिवरात्रि का पर्व आज, मंदिरों में उमड़ी भक्तों की भीड़

नई दिल्ली: आज देवों के देव, महादेव यानि भगवान शिव की उपासना का पर्व महाशिवरात्रि है। इस पावन मौके पर सुबह से ही देश के शिवमंदिरों में भोले के भक्तों की भीड़ उमड़ पड़ी है। शिवालयों में हर-हर महादेव के जयकारें लग रहे हैं और कई मंदिरों में जलाभिषेक के लिए भक्तों की लंबी लाइन लगी हुई है। कई दिनों से पैदल यात्रा कर कांवड़िये अपने अराध्य देव को खुश करने के लिए पवित्र गंगाजल से भोलेशंकर का जलाभिषेक कर रहे हैं।

प्रमुख मंदिरों में उमड़ी भक्तों की भीड़

उज्जैन के प्रसिद्ध महाकालेश्वर मंदिर में सुबह से ही भक्तों की लंबी लाईन लगी हुई है। शिवरात्रि के मौके पर महाकाल के दर्शन और जलाभिषेक के लिए बड़ी संख्या में भक्त देश के विभिन्न हिस्सों से उज्जैन पहुंचे हैं। वहीं भगवान भोले की नगरी बनारस मेंमें भक्ति और मस्ती दोनों जारी है। मंदिरों में श्रद्धालुओं का तांता लगा हुआ है। वहीं हरिद्वार, काशी और झारखंड के दुमका में स्थित ,’बाबा बैद्यनाथ’ मंदिर में भी दूर-दूर से भगवान शिव के दर्शनों के लिए लोग पहुंचे हैं।

उपराष्ट्रपति ने दी बधाई

महाशिवरात्रि के पर्व पर लोग अपने दोस्तों, परिजनों और रिश्तेदारों को बधाई संदेश दे रहे हैं। सोशल मीडिया पर सुबह से शिवरात्रि टॉप ट्रेंड में है। ट्विटर पर तो शुरूआत के चार ट्रेंड्स ही शिवरात्रि या महाशिवरात्रि के हैं। उपराष्ट्रपति वैंकेया नायडू ने ट्वीट कर शिवरात्रि की बधाई देते हुए कहा, ‘महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर में विश्व भर के भक्त समुदाय को शुभ कामनाएं देता हूं।इस अवसर पर जब हम अपने घरों को प्रकाशित करते हैं, हम भगवान शिव से प्रार्थना करें कि वे हमें ज्ञान और साहस का आशीर्वाद दें जिससे हम अपने भीतर और बाहर की कुवृत्तियों पर विजय पा सकें।’

शुभ मुहूर्त

धार्मिक मान्यताओं के मुताबिक, महाशिवरात्रि का दिन बेहद खास होता है और लोग अपने अराध्य की पूजा के लिए व्रत करते हैं। इस बार महाशिवरात्रि की पूजा कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि 21 फरवरी (शुक्रवार) को शाम 05 बजकर 20 मिनट से हो रही है, जो 22 फरवरी दिन शनिवार को शाम 07 बजकर 02 मिनट तक रहेगी। भगवान भोले शंकर की पूजा करते समय बिल्वपत्र, शहद, दूध, दही, शक्कर और गंगाजल से जलाभिषेक करना चाहिए। ऐसा करने से भगवान प्रसन्न होते हैं और अपने भक्तों का बेड़ा पार करते हैं।

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